पुरानी  पेंशन बहाली अभियान

नई पेंशन योजना के खिलाफ राज्य के कर्मचारियों ने मोर्चा  खोल दिया है रविवार को कर्मचारियों ने देहरादून  परेड मैदान से लेकर सचिवालय तक रैली निकाली, कर्मचारियों ने परेड ग्राउंड में सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर विरोध जताया राष्ट्रीय अध्यक्ष विजय बंधु ने कहा कि 16 राज्यों में चल रहे इस आंदोलन को और तेज किया जाएगा,साथ ही पुरानी  पेंशन योजना को रेलवे कर्मचारियों का भी समर्थन मिल गया है,कर्मचारी संगठन ने सरकार को संकेत दे दिया है कि 2019 तक पुरानी पेंशन योजना को लागू ना किया तो केंद्र सरकार को नुकसान उठाना पड़ेगा शिक्षक नेता राम सिंह चौहान, ने कहा की नई नीति से कर्मचारी पुरानी पेंशन की सुविधाओं से वंचित रहेंगे,

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साथ ही लैंसडाउन चौक स्थित धरना स्थल पर रविवार को  पुरानी पेंशन बहाली राष्ट्रीय अभियान के तहत राजकीय शिक्षक संघ, वाणिज्य कर मिनिस्टीरियल स्टाफ एसोसिएशन आदि  संगठनों के कर्मचारी रेली निकालने के लिए  एकजुट हुये, कर्मचारी संगठन का कहना है कि 1 अक्टूबर 2005 से लागू नई पेंशन योजना कर्मचारियों के भविष्य के हित में नहीं है, यही वजह है कि नई पेंशन नीति को समाप्त कर और पुरानी पेंशन योजना की बहाली को लेकर देशभर में इस तरह के आयोजन किए जा रहे हैं,  इसको लेकर दीपावली के बाद जंतर-मंतर पर देशभर के कर्मचारी धरना देंगे, अभियान प्रदेश प्रभारी रघुवीर सिंह बिष्ट ने कहा कि नई पेंशन योजना के विरोधी हैं, जो कि पुरानी पेंशन योजना से आच्छादित  हैं, इसकी वजह यह है  की वह भी जानते हैं कि नई पेंशन योजना आज की पीढ़ी के हित में नहीं है और सरकार कि यह बात समझने को तैयार नहीं, वही वाणिज्यकर स्टाफ एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष जगमोहन सिंह नेगी ने कहा कि राज्य में ज्यादातर  भर्तियां वर्ष 2005 के बाद हुई है और इस तरह 60 फीसदी  से अधिक कर्मचारी पुरानी  पेंशन योजना का हिस्सा नहीं है इसलिए कर्मचारियों के हितो देखते हुए  पुरानी पेंशन योजना लागू की जानी चाहिए

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